Commonwealth Cue Sports Championship 2026: भारत ने जीते कुल 13 पदक, 3 गोल्ड के साथ पदक तालिका में रहा शीर्ष पर ???

यह पहली बार था, जब बहु-विधा कॉमनवेल्थ क्यू स्पोर्ट्स चैंपियनशिप का आयोजन भारत में किया गया...

अहमदाबाद: भारत ने Commonwealth Cue Sports Championships 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 13 पदक अपने नाम किए। गुजरात के अहमदाबाद स्थित वीर सावरकर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारतीय खिलाड़ियों ने तीन स्वर्ण, पांच रजत और पांच कांस्य पदक जीते। इस उपलब्धि के साथ भारत कुल पदकों की संख्या के आधार पर प्रतियोगिता में शीर्ष पर रहा। चैंपियनशिप का समापन 10 अक्टूबर 2026 को हुआ। यह पहली बार था, जब बहु-विधा कॉमनवेल्थ क्यू स्पोर्ट्स चैंपियनशिप का आयोजन भारत में किया गया।

इस प्रतियोगिता में 42 राष्ट्रमंडल देशों के 144 खिलाड़ियों ने भाग लिया। खिलाड़ियों ने स्नूकर, इंग्लिश बिलियर्ड्स, हेयबॉल, 10-बॉल पूल और ब्लैकबॉल जैसी विधाओं में प्रतिस्पर्धा की। भारतीय खिलाड़ियों ने अलग-अलग स्पर्धाओं में पदक जीतकर देश की क्यू स्पोर्ट्स में मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई। <Cite refs={[“turn193453search2″,”turn193453search3”]}/>

भारत ने जीते तीन स्वर्ण पदक

भारतीय दल के प्रदर्शन में तीन स्वर्ण पदक विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहे। पुरुष स्नूकर में आदित्य स्नेहल मेहता, महिला इंग्लिश बिलियर्ड्स में अनुपमा रामचंद्रन और पुरुष इंग्लिश बिलियर्ड्स में रायान रजमी ने स्वर्ण पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया।

1. आदित्य मेहता ने पुरुष स्नूकर में जीता गोल्ड

भारत के अनुभवी क्यू खिलाड़ी आदित्य स्नेहल मेहता ने पुरुष स्नूकर स्पर्धा के फाइनल में अपने ही देश के ध्वज हरिया को 3-0 से हराकर स्वर्ण पदक जीता। इस मुकाबले में भारत को स्वर्ण और रजत दोनों पदक मिले। ध्वज हरिया ने रजत पदक अपने नाम किया।

2. अनुपमा रामचंद्रन बनीं महिला इंग्लिश बिलियर्ड्स चैंपियन

महिला इंग्लिश बिलियर्ड्स स्पर्धा में अनुपमा रामचंद्रन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक हासिल किया। फाइनल में उन्होंने भारत की ही रेवन्ना उमादेवी को 1-0 से हराया। इस तरह इस स्पर्धा में भी भारत ने स्वर्ण और रजत दोनों पदक जीते।

3. रायान रजमी ने पुरुष इंग्लिश बिलियर्ड्स में मारी बाजी

पुरुष इंग्लिश बिलियर्ड्स स्पर्धा में रायान रजमी ने भारत को तीसरा स्वर्ण पदक दिलाया। उन्होंने फाइनल में अपने हमवतन सिद्धार्थ सेलश पारिख को हराकर खिताब जीता। लगातार तीन स्वर्ण पदकों ने प्रतियोगिता में भारतीय अभियान को मजबूत बनाया। <Cite refs={[“turn193453search1″,”turn193453search2”]}/>

रजत और कांस्य पदकों से भी मजबूत हुई भारत की स्थिति

भारतीय खिलाड़ियों ने केवल स्वर्ण पदकों तक ही अपना प्रदर्शन सीमित नहीं रखा, बल्कि कई अन्य स्पर्धाओं में भी पदक हासिल किए। पुरुष स्नूकर में ध्वज हरिया, महिला स्नूकर में कीर्तना पांडियन, महिला इंग्लिश बिलियर्ड्स में रेवन्ना उमादेवी और पुरुष हेयबॉल में पारस गुप्ता ने रजत पदक जीतकर भारत की पदक संख्या बढ़ाई।

कांस्य पदकों में भी भारतीय खिलाड़ियों का योगदान महत्वपूर्ण रहा। पुरुष स्नूकर में लक्ष्मण सिंह रावत और पुरुष हेयबॉल में उजैर खान ने कांस्य पदक हासिल किया। भारतीय खिलाड़ियों ने विभिन्न स्पर्धाओं में चुनौतीपूर्ण मुकाबलों का सामना करते हुए पोडियम पर जगह बनाई।

भारत के कुल 13 पदकों में तीन स्वर्ण, पांच रजत और पांच कांस्य शामिल रहे। यह प्रदर्शन अलग-अलग क्यू स्पोर्ट्स विधाओं में भारतीय खिलाड़ियों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को दर्शाता है। <Cite refs={[“turn193453search1″,”turn193453search3”]}/>

क्या है Commonwealth Cue Sports Championship?

Commonwealth Cue Sports Championship राष्ट्रमंडल देशों के खिलाड़ियों के बीच आयोजित होने वाली प्रमुख अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता है। इसमें क्यू स्टिक और गेंदों की मदद से खेले जाने वाले विभिन्न खेलों में खिलाड़ी अपनी तकनीक, एकाग्रता और रणनीतिक कौशल का प्रदर्शन करते हैं।

इस प्रतियोगिता की प्रमुख विधाओं में स्नूकर, इंग्लिश बिलियर्ड्स, ब्लैकबॉल, 10-बॉल पूल और हेयबॉल शामिल हैं। प्रत्येक खेल के नियम और खेलने की तकनीक अलग होती है। स्नूकर में गेंदों को निर्धारित क्रम और अंकों के आधार पर पॉकेट में डालना होता है, जबकि पूल की विभिन्न विधाओं में गेंदों को पॉकेट करने के अलग नियम लागू होते हैं।

क्यू स्पोर्ट्स में खिलाड़ियों को हाथों की सटीकता, धैर्य, कोणों की समझ, गेंदों की गति पर नियंत्रण और दबाव में निर्णय लेने की क्षमता की आवश्यकता होती है। यही कारण है कि इन खेलों में तकनीकी कौशल के साथ मानसिक एकाग्रता भी अहम भूमिका निभाती है।

पहली बार भारत में हुआ बहु-विधा चैंपियनशिप का आयोजन

2026 की चैंपियनशिप भारतीय क्यू स्पोर्ट्स के लिए विशेष रही, क्योंकि इसका बहु-विधा संस्करण पहली बार भारत में आयोजित किया गया। अहमदाबाद के वीर सावरकर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में हुए इस आयोजन ने देश को अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों की मेजबानी करने का अवसर दिया।

इस प्रतियोगिता का आयोजन एपेक्स स्पोर्ट्स प्रमोशन ने किया, जबकि बिलियर्ड्स एंड स्नूकर फेडरेशन ऑफ इंडिया (BSFI) मेजबान संस्था रही। विश्व परिसंघ बिलियर्ड्स स्पोर्ट्स (WCBS) और कॉमनवेल्थ स्पोर्ट की स्वीकृति के अंतर्गत आयोजित इस प्रतियोगिता को भारतीय बिलियर्ड्स एवं स्नूकर महासंघ के शताब्दी समारोह से भी जोड़ा गया था।

प्रतियोगिता के समापन समारोह में भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष पी. टी. उषा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं। <Cite refs={[“turn193453search2″,”turn193453search16”]}/>

पदकों की संख्या में भारत आगे, स्वर्ण में ग्रेट ब्रिटेन शीर्ष पर

प्रतियोगिता के परिणामों में भारत ने कुल पदकों की संख्या के आधार पर पहला स्थान हासिल किया, लेकिन स्वर्ण पदकों के मामले में ग्रेट ब्रिटेन आगे रहा। ग्रेट ब्रिटेन ने चार स्वर्ण और तीन कांस्य सहित कुल सात पदक जीते।

भारत के तीन स्वर्ण, पांच रजत और पांच कांस्य पदकों के मुकाबले ग्रेट ब्रिटेन के चार स्वर्ण पदक रहे। यह अंतर बताता है कि पदक तालिका में कुल पदकों और स्वर्ण पदकों के आधार पर देशों की स्थिति अलग-अलग हो सकती है।

इस प्रतियोगिता में दक्षिण अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया और युगांडा सहित कई देशों के खिलाड़ियों ने भी स्वर्ण पदक जीते। इससे विभिन्न क्यू स्पोर्ट्स विधाओं में अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा का स्तर सामने आया। <Cite refs={[“turn193453search2″,”turn193453search3”]}/>

भारतीय क्यू स्पोर्ट्स के लिए क्यों अहम है यह उपलब्धि?

भारत में स्नूकर और बिलियर्ड्स के कई प्रतिभाशाली खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके हैं। इस चैंपियनशिप में अलग-अलग स्पर्धाओं में पदक जीतना देश के लिए उत्साहजनक परिणाम है।

ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों से खिलाड़ियों को अनुभव हासिल करने, अपनी तकनीक सुधारने और दूसरे देशों के खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने का अवसर मिलता है। भारत में इस प्रतियोगिता की मेजबानी से स्थानीय दर्शकों को भी इन खेलों को करीब से देखने का मौका मिला।

भारत के 13 पदक इस बात का संकेत हैं कि देश के खिलाड़ी केवल एक विधा में नहीं, बल्कि स्नूकर और इंग्लिश बिलियर्ड्स सहित कई क्यू स्पोर्ट्स में प्रतिस्पर्धा करने की क्षमता रखते हैं।

निष्कर्ष

Commonwealth Cue Sports Championships 2026 में भारत ने कुल 13 पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया। तीन स्वर्ण, पांच रजत और पांच कांस्य पदकों के साथ भारत कुल पदकों की संख्या में शीर्ष पर रहा। आदित्य मेहता, अनुपमा रामचंद्रन और रायान रजमी के स्वर्ण पदकों ने भारतीय अभियान को खास बनाया। पहली बार भारत में आयोजित इस बहु-विधा प्रतियोगिता ने देश में क्यू स्पोर्ट्स को अंतरराष्ट्रीय मंच पर नई पहचान दिलाने का अवसर प्रदान किया।

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