सिर्फ कैल्शियम की गोलियां खाने से मजबूत नहीं होतीं हड्डियां!
अक्सर जब भी हड्डियों की सेहत की बात आती है, तो हमारे दिमाग में सबसे पहला नाम कैल्शियम का आता है। इसमें कोई दो राय नहीं है कि कैल्शियम हड्डियों के लिए बेहद जरूरी है, लेकिन केवल सप्लीमेंट्स की गोलियां खा लेना हड्डियों की मजबूती की गारंटी नहीं है।
हड्डियों की मजबूती के लिए कई फैक्टर्स जिम्मेदार होते हैं। इसलिए अगर आप भी केवल कैल्शियम के भरोसे बैठे हैं, तो आपको कुछ बदलाव करने की जरूरत है। आइए जानते हैं हड्डियों की मजबूती के लिए कैल्शियम के अलावा और किन चीजों पर ध्यान देना जरूरी है।
विटामिन-डी3 के बिना कैल्शियम बेकार
आप कितना भी कैल्शियम क्यों न खा लें, अगर आपके शरीर में विटामिन-डी की कमी है, तो आपका शरीर उस कैल्शियम को अब्जॉर्ब नहीं पाएगा। विटामिन-डी एक मीडियम की तरह काम करता है, जो कैल्शियम को खून से हड्डियों तक पहुंचाता है। इसलिए रोजाना 15-20 मिनट सुबह की धूप लें। अगर कमी ज्यादा है, तो डॉक्टर की सलाह पर सप्लीमेंट्स लें।
विटामिन-के2 और मैग्नीशियम
हड्डियों के निर्माण में मैग्नीशियम और विटामिन-के2 अहम भूमिका निभाते हैं। मैग्नीशियम कैल्शियम को हड्डियों से बांधने में मदद करता है, जबकि विटामिन-के2 यह ध्यान रखता है कि कैल्शियम हड्डियों में जाए, न कि आपकी आर्टरीज में जमा होकर उन्हें ब्लॉक कर दे। इसलिए हरी पत्तेदार सब्जियां, कद्दू के बीज, कीवी और बादाम खाएं।
वेट-बेयरिंग एक्सरसाइज
हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए उन्हें थोड़ा स्ट्रेस देना जरूरी है। जब आप पैदल चलते हैं, दौड़ते हैं, सीढ़ियां चढ़ते हैं या वजन उठाते हैं, तो आपकी हड्डियों की डेंसिटी बढ़ती है, जिससे वे मजबूत बनते हैं। इसलिए सप्ताह में कम से कम 3-4 बार स्ट्रेंथ ट्रेनिंग या ब्रिस्क वॉकिंग शुरू करें।
प्रोटीन को न करें नजरअंदाज
प्रोटीन की कमी से कोलाजन कम होने लगता है, जिससे हड्डियां कमजोर हो सकती हैं। इसलिए डाइट में दाल, पनीर, सोया, अंडे और लीन मीट जैसे प्रोटीन से भरपूर फूड्स शामिल करें।
इन आदतों से बचें
कुछ आदतें ऐसी होती हैं जो आपके शरीर से कैल्शियम को बाहर निकाल देती हैं, जैसे-
ज्यादा नमक पेशाब के जरिए कैल्शियम को शरीर से बाहर निकाल देता है।
बहुत ज्यादा चाय, कॉफी या कोल्ड ड्रिंक हड्डियों की डेंसिटी को कम कर सकते हैं।





