अभी और सस्ता होगा सोना-चांदी या अब बढ़ेंगे दाम? जानें एक्सपर्ट्स ने क्या-क्या बताया
सोना और चांदी जून में भारी गिरावट के बाद चर्चा में हैं। जानिए एक्सपर्ट्स की राय, क्या अभी और गिरेंगे दाम या फिर जल्द लौटेगी तेजी।
जून महीने में सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। जहां सोना करीब 15,000 रुपये प्रति 10 ग्राम तक सस्ता हुआ है, वहीं चांदी में भी 45,000 रुपये प्रति किलो तक की गिरावट दर्ज की गई है। ऐसे में निवेशकों और खरीदारों के मन में सबसे बड़ा सवाल है कि क्या अभी कीमतें और गिरेंगी या अब तेजी लौटने वाली है।
आखिर क्यों सस्ता हुआ सोना-चांदी?
विशेषज्ञों के अनुसार, सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे कई बड़े कारण हैं—
- अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें ऊंची रखने के संकेत।
- डॉलर की मजबूती।
- निवेशकों की मुनाफावसूली।
- वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता और कमज़ोर मांग।
क्या अभी और गिर सकते हैं दाम?
कमोडिटी एक्सपर्ट्स का मानना है कि निकट अवधि में सोने और चांदी में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। यदि अमेरिकी ब्याज दरों में बढ़ोतरी होती है और डॉलर मजबूत बना रहता है, तो कीमतों पर दबाव जारी रह सकता है।
हालांकि, कुछ विश्लेषकों का कहना है कि हालिया गिरावट के बाद बाजार में निचले स्तरों पर खरीदारी लौट सकती है और सोना-चांदी धीरे-धीरे रिकवरी कर सकते हैं।
निवेशकों के लिए क्या है सलाह?
विशेषज्ञों का मानना है कि:
✅ नए निवेशक एकमुश्त निवेश करने के बजाय चरणबद्ध तरीके से खरीदारी करें।
✅ मौजूदा निवेशक घबराकर बिक्री न करें और लंबी अवधि का नजरिया रखें।
✅ शादी और त्योहारों के सीजन के लिए खरीदारी करने वालों को मौजूदा स्तर आकर्षक लग सकते हैं।
चांदी पर क्या है एक्सपर्ट्स की राय?
चांदी में सोने की तुलना में ज्यादा गिरावट आई है, लेकिन कई विशेषज्ञ इसे लंबी अवधि के लिए एक अच्छा अवसर मान रहे हैं। औद्योगिक मांग बढ़ने पर चांदी की कीमतों में तेजी लौट सकती है।
आगे क्या रहेगा ट्रेंड?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में सोने और चांदी की दिशा इन कारकों पर निर्भर करेगी—
- अमेरिकी फेडरल रिजर्व का ब्याज दर फैसला
- डॉलर इंडेक्स की चाल
- मध्य-पूर्व का भू-राजनीतिक तनाव
- वैश्विक आर्थिक आंकड़े और महंगाई दर





