मुरथल के फेमस रेस्तरां पर अब इंसान नहीं, रोबोट सर्व कर रहे पराठे; देखें हैरान करने वाला Video????
हरियाणा के मुरथल स्थित रेशम ढाबे में अब रोबोट ग्राहकों तक पराठे और खाना पहुंचा रहा है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है...
मुरथल। हरियाणा के मुरथल का नाम आते ही सबसे पहले गर्मागर्म पराठों और हाईवे पर मौजूद मशहूर ढाबों की तस्वीर सामने आती है। लेकिन अब मुरथल के एक चर्चित ढाबे में पारंपरिक स्वाद के साथ तकनीक का ऐसा तड़का लगा है, जिसने सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच लिया है। यहां ग्राहकों को खाना सर्व करने के लिए इंसानी वेटर के साथ-साथ एक रोबोट वेटर भी नजर आ रहा है।
वायरल वीडियो में रोबोट खाने की ट्रे लेकर ग्राहकों की टेबल तक पहुंचता दिखाई देता है। रोबोट को देखते ही कई ग्राहक अपना मोबाइल निकालकर वीडियो बनाने लगते हैं, जबकि बच्चे इसे देखकर खासे उत्साहित नजर आते हैं।
मुरथल के रेशम ढाबा में दिखा अनोखा नजारा
यह वायरल वीडियो मुरथल के रेशम ढाबा का बताया जा रहा है। यहां रोबोट तैयार खाना किचन से ग्राहकों की टेबल तक पहुंचाने का काम करता है। रिपोर्टों के अनुसार, रोबोट एक निर्धारित रूट और नेविगेशन सिस्टम के जरिए टेबल तक पहुंचता है।
रोबोट की फाइबर बॉडी और आंखों में लगी LED लाइट्स इसे फ्यूचरिस्टिक लुक देती हैं। ढाबे में पहुंचने वाले ग्राहक अब सिर्फ पराठों का स्वाद ही नहीं, बल्कि इस अनोखे टेक्नोलॉजी अनुभव का भी आनंद ले रहे हैं।
क्या रोबोट ने इंसानों की नौकरी ले ली?
वायरल वीडियो देखकर ऐसा लग सकता है कि अब ढाबे में इंसानी वेटरों की जगह पूरी तरह रोबोट ने ले ली है, लेकिन वास्तविकता इससे अलग है। रोबोट फिलहाल मुख्य रूप से खाना एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने का काम करता है।
ढाबा प्रबंधन के मुताबिक, इसका उद्देश्य पूरी मानव सेवा को खत्म करना नहीं बल्कि ग्राहकों को एक नया और मनोरंजक अनुभव देना है। रोबोट को ऑपरेट और जरूरत पड़ने पर नियंत्रित करने के लिए अलग टीम भी मौजूद रहती है।
पराठे से लेकर समोसे तक पहुंचा रहा खाना
रिपोर्ट्स के अनुसार, रोबोट मेन्यू के कई खाद्य पदार्थ ग्राहकों तक पहुंचा सकता है। हालांकि तरल पदार्थों को ले जाने में अभी सीमाएं हो सकती हैं। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में रोबोट को खाने की ट्रे लेकर टेबल की ओर बढ़ते देखा जा सकता है।
मुरथल अपने बड़े-बड़े पराठों, मक्खन और देसी खाने के लिए पहले से ही मशहूर है। अब रोबोट वेटर ने इस पारंपरिक ढाबा अनुभव को आधुनिक तकनीक से जोड़ दिया है।
दो घंटे तक कर सकता है काम
रेशम ढाबा के प्रबंधन से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार, रोबोट को एक बार फुल चार्ज करने के बाद करीब डेढ़ से दो घंटे तक इस्तेमाल किया जा सकता है। इसे बेंगलुरु की एक टीम के सहयोग से विकसित किए जाने की बात भी सामने आई है।
ग्राहकों के लिए बना नया आकर्षण
रोबोट वेटर अब सिर्फ खाना पहुंचाने वाला उपकरण नहीं, बल्कि ढाबे का एक बड़ा आकर्षण बन गया है। ग्राहक इसके साथ फोटो और सेल्फी ले रहे हैं। खासकर बच्चों में इसे लेकर काफी उत्साह देखा जा रहा है।
रेशम ढाबा में इससे पहले भी खाने को अलग अंदाज में टेबल तक पहुंचाने के लिए तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। रिपोर्टों के मुताबिक, यहां एक छोटी ट्रेन के जरिए भी कुछ फूड सर्विस की व्यवस्था मौजूद है।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रहा वायरल?
भारत में रोबोटिक तकनीक का इस्तेमाल होटल और रेस्तरां उद्योग में धीरे-धीरे बढ़ रहा है। मुरथल जैसे पारंपरिक ढाबा संस्कृति वाले इलाके में रोबोट का इस्तेमाल लोगों को इसलिए ज्यादा हैरान कर रहा है, क्योंकि यहां तकनीक और देसी स्वाद का अनोखा मेल देखने को मिल रहा है।
सोशल मीडिया यूजर्स इस वीडियो को जमकर शेयर कर रहे हैं। कई लोग इसे भविष्य के रेस्तरां की झलक बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों के लिए यह पारंपरिक ढाबे में तकनीक का दिलचस्प प्रयोग है।
फिलहाल एक बात साफ है—मुरथल के पराठों का स्वाद अब भी इंसानों के हाथों से तैयार हो रहा है, लेकिन उन्हें ग्राहकों की टेबल तक पहुंचाने के लिए रोबोट ने एंट्री कर ली है।




